दुमका। समाजसेवा केवल जरूरतमंदों की मदद करने तक सीमित नहीं, बल्कि किसी के चेहरे पर मुस्कान लाना भी मानवता की सच्ची मिसाल है। इसी सोच के साथ रोटी बैंक, दुमका की ओर से गुरुवार को नेत्रहीन विद्यालय में बच्चों के लिए विशेष कार्यक्रम आयोजित किया गया। रोटी बैंक के संस्थापक जतिन कुमार के नेतृत्व में सदस्यों ने विद्यालय पहुंचकर बच्चों के बीच बिस्कुट, चॉकलेट, केक एवं नाश्ते का वितरण किया। बच्चों को उपहार भी दिए गए, जिससे विद्यालय परिसर में खुशी और उत्साह का माहौल बन गया। कार्यक्रम के दौरान बच्चों के चेहरों पर खुशी देखते ही बन रही थी। जतिन कुमार ने बच्चों के साथ समय बिताकर उन्हें प्रेम, सहयोग, संवेदना और आपसी सद्भाव का संदेश दिया। बच्चों ने भी इस पहल का गर्मजोशी से स्वागत किया। उनके साथ बिताया गया समय और छोटी-छोटी खुशियां बच्चों के लिए यादगार बन गईं। रोटी बैंक के बुलंदर यादव ने कहा कि संस्था का उद्देश्य जरूरतमंदों की सहायता करने के साथ-साथ बच्चों और युवाओं में सेवा, संवेदना एवं मानवता की भावना को मजबूत करना है। उन्होंने कहा कि समाज में सकारात्मक बदलाव लाने के लिए हर व्यक्ति को अपनी क्षमता के अनुसार दूसरों की खुशियों में सहभागी बनना चाहिए। विद्यालय परिवार ने रोटी बैंक की इस सामाजिक एवं मानवीय पहल की सराहना करते हुए संस्था के सदस्यों के प्रति आभार व्यक्त किया। कार्यक्रम का समापन बच्चों के बीच खुशियां बांटने और समाजसेवा के संकल्प के साथ हुआ। कार्यक्रम में रोटी बैंक के संस्थापक अध्यक्ष जतिन कुमार के साथ बुलंदर यादव, राकेश, अमिता घोष एवं विद्यालय के बच्चे उपस्थित थे।
