दुमका। भारतरत्न जननायक कर्पूरी ठाकुर की जयंती के अवसर पर शनिवार को जननायक कर्पूरी लोहिया विचार मंच के तत्वावधान में जयंती समारोह का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में विभिन्न सामाजिक संगठन के लोगों ने कर्पूरी जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनके अधूरे सपनों को पूर्ण करने के लिए उनके पदचिन्हों पर चलने का संकल्प लिया। कार्यक्रम में वक्ताओं ने कहा कि स्वतंत्रता सेनानी, गरीबों के मसीहा कर्पूरी जी ने आपातकाल के दौरान डॉ.लोहिया, जयप्रकाश नारायण आदि नेताओं के साथ अन्याय और
लोकतंत्र का गला घोटने के विरोध में संघर्ष किया था। सबसे बड़े हिंदी के समर्थक के रूप में उन्होंने बिहार में सर्वप्रथम अंग्रेजी विषय की अनिवार्यता समाप्त कर हिंदी विषय को अनिवार्य कर असंख्य गरीब छात्रों का उच्च शिक्षा ग्रहण करने में सहायक बने थे। इस अवसर मंच के संस्थापक अध्यक्ष राधारमण ठाकुर ने अपनी उम्र का तकाजा एवं अस्वस्थता के कारण जननायक कर्पूरी लोहिया विचार मंच के पदाधिकारियों के समक्ष विचार रखा कि अब कार्यकारी अध्यक्ष के रूप में किसी का चयन किया जाय। कार्यक्रम में जननायक कर्पूरी ठाकुर के विचारों से संबंधित एक पुस्तकालय स्थापित करने की भी मांग की गयी। कार्यक्रम में मंच के संस्थापक अध्यक्ष राधारमण ठाकुर, रंजीत जयसवाल, डॉ.अन्हद लाल, धर्मराज ठाकुर, नंद किशोर भंडारी, प्रदीप भंडारी, अनिल कुमार भंडारी, सुधीर भंडारी, सोनू ठाकुर, दीपू भंडारी, कालेश्वर भंडारी, मानिक ठाकुर, दीपक ठाकुर, मनोज ठाकुर, उज्ज्वल दास, रोहित भंडारी, दिलीप ठाकुर, प्रभात ठाकुर, पंकज भंडारी आदि शामिल थे। 

