अधिकारियों और कर्मियों ने ली शपथ आदिवासी समुदाय के समग्र विकास के लिए पूर्ण निष्ठा प्रतिबद्धता व जिम्मेदारी के साथ करेंगे काम
दुमका। समाहरणालय के सभागार में मंगलवार को आदि कर्मयोगी अभियान के तहत जिला प्रशासन के द्वारा आयोजित एक दिवसीय उन्मुखीकरण कार्यशाला में जिला प्रशासन के वरीय अधिकारियों एवं कर्मियों ने शपथ लेते हुए कहा कि “हम झारखंड के आदि कर्मयोगी प्रण लेते हैं कि राज्य के आदिवासी समुदाय के समग्र विकास हेतु पूर्ण निष्ठा, प्रतिबद्धता एवं जिम्मेदारी के साथ कार्य करेंगे”। कार्यशाला में अधिकारियों और कर्मियों को यह शपथ उप विकास आयुक्त अनिकेत सचान ने दिलाई।
इससे पूर्व उन्होंने उपस्थित अधिकारियों को संबोधित करते हुए कहा कि 17 विभागों के अभिसरण से यह अभियान संचालित होगा। इस अभियान के तहत कम्युनिटी लीडर तैयार करना है ताकि ग्रामीण स्तर की समस्याओं को चिन्हित करते हुए उसे दूर किया जा सके। जिला, प्रखंड एवं ग्राम स्तर पर निगरानी टीम का गठन किया जायेगा। सभी विभाग आपस में समन्वय बनाकर सुदूर ग्रामीण स्तर की समस्याओं को दूर करने का कार्य करेंगे। अभियान का उद्देश्य 20 लाख से अधिक आदिवासी परिवर्तनकारी नेताओं (कर्मयोगी) का एक मजबूत कैडर तैयार करना है, जो जमीनी स्तर पर सेवाओं की पहुंच सुनिश्चित करेंगे। यह अभियान ऐसे आदिवासी क्षेत्रों को लक्षित करता है, जहां स्वास्थ्य, शिक्षा, जीवन और शासन सेवाओं की पहुंच में गहरी असमानताएं है। चुनौतियों का समाधान और सेवाओं का अतिम छोर तक वितरण सुनिश्चित करना इसका अभियान लक्ष्य है। कार्यशाला में जिला कल्याण पदाधिकारी गौतम मोदी ने पीपीटी के माध्यम से अभियान की विस्तृत जानकारी दी। वहीं अभियान को लेकर डिस्ट्रिक्ट लेवल मास्टर ट्रेनर डीआरडीए के एकाउंट ऑफिसर पवन पांडेय सहित अन्य विभागों से मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षण प्राप्त करने वाले पदाधिकारियों ने अपने अनुभव साझा किए।
