दुमका। कोलकाता के श्याम नगर के अंतर्गत आने वाला गारुलिया एक ऐसा गांव है जहां के लोग हर वर्ष सावन में जलार्पण के लिए साईकिल से बाबाधाम देवघर और बासुकिनाथ आते है। इस बार भी इस गांव से कुल 28 श्रद्धालु साईकिल से बाबा श्री वैधनाथ और श्री बासुकिनाथ को जलार्पण के लिए निकले है। साईकिल बमों का यह जत्था मंगलवार को दुमका पहुंचा। इसमें शामिल किशन कानू, संजय चौधरी और रोहित कुमार चौधरी ने वेबअखबार डॉट कॉम को बताया कि उनलोगों ने अपनी साईकिल यात्रा 20 जुलाई को गारुलिया गांव से प्रारंभ की है। वे सभी पहले सुल्तानगंज जायेंगे, फिर वहां से गंगाजल लेकर बाबाधाम देवघर आयेंगे। देवघर में बाबा को जल चढ़ाने के बाद वे बासुकिनाथ धाम आयेंगे। बासुकिनाथ में जलार्पण के बाद वे साईकिल से ही अपने गांव गारुलिया (पश्चिम बंगाल) जायेंगे। तीनों बमों ने बताया कि हर साल सावन में साईकिल से बाबाधाम देवघर और बासुकिनाथ आने की उनके गांव की एक पुरानी धार्मिक परंपरा है। इसकी शुरुआत करीब 30 साल पहले गांव के बुजुर्गों ने की थी, जिसका निर्वहन आज के युवा पीढ़ी भी करते आ रहे हैं। बोल बम का नारा लगाते हुए उन्होंने कहा कि बाबा श्री वैधनाथ और श्री बासुकिनाथ की कृपा से ही वे साईकिल से हर वर्ष जलार्पण के लिए बाबाधाम देवघर और बासुकिनाथ आते हैं। उन्होंने बताया कि इस पावन यात्रा को पूरा करने में उनलोगों को 6-7 दिन का समय लगता है।
(कुलदीप कुमार की रिपोर्ट)
