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दुमका। नेताजी सुभाष चन्द्र बोस की जयंती के अवसर पर शुक्रवार को छात्र चेतना संगठन के कार्यकर्ताओं ने यहां नगर थाना के समीप स्थित नेताजी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उन्हें नमन किया। माल्यार्पण के इस कार्यक्रम में संगठन के केन्द्रीय प्रमुख हिमांशु मिश्रा, जिला अध्यक्ष राकेश रौशन, जिला छात्रा प्रमुख मालोती टुडू, आशीष झा, पारस हिम्मतसिंहका, जयप्रकाश नारायण, फिलोमिना मरांडी, शशि कशेरा, अमित चांद, रौशन घोष, प्रेम साह, उमेष यादव, ऋषि राज, प्रत्युष कुमार, ओम सिंह आदि शामिल थे। कार्यक्रम में
केन्द्रीय प्रमुख श्री मिश्रा ने नेताजी के जीवन पर प्रकाश डालते हुए कहा कि नेताजी का नाम ही ब्रितानी सरकार के लिए खौप था। स्वतंत्रता मिलने से पूर्व ही नेताजी को विश्व के दर्जन भर से ज्यादा देशों ने भारतीय प्रधानमंत्री के रूप में उन्हें और उनके द्वारा संस्थापित आजाद हिन्द फौज को भारतीय सेना के रुप में मान्यता दे दी थी। नेताजी ने हमेशा अधिकार की बात की। अपने देश की स्वतंत्रता के लिए उन्होंने कभी भी अनुनय विनय का रास्ता नहीं चुना। उन्होंने उस समय भारत के युवाओं से आह्वान किया था कि तुम मुझे खून दो मैं तुम्हें आजादी दूंगा। आज भारत के युवा देश के प्रति जिम्मेदारी और ईमानदारीपूर्वक राष्ट्र प्रथम के भाव से अपना कार्य करें तो निश्चित ही भारत विश्वगुरू और सबसे बड़ी शक्ति के रुप में उभरकर सामने आयेगा।

