दुमका। शनि जयंती के पावन अवसर पर शनिवार को झारखंड की उपराजधानी दुमका शहर के कुलदीप सिंह रोड स्थित प्राचीन श्री शनि मंदिर तथा शिवसुंदरी रोड स्थित शनि मंदिर में श्रद्धा और भक्ति का अद्भुत माहौल देखने को मिला। सुबह से ही मंदिरों में श्रद्धालुओं की लंबी कतार लगी रही। भक्तों ने भगवान श्री शनिदेव की विधिवत पूजा-अर्चना, अभिषेक व हवन कर परिवार की सुख-समृद्धि, शांति एवं कष्टों से मुक्ति की कामना की।
धार्मिक मान्यता के अनुसार भगवान शनिदेव न्याय के देवता माने जाते हैं। कहा जाता है कि वे मनुष्य को उसके कर्मों के अनुसार फल प्रदान करते हैं। इसी विश्वास के साथ बड़ी संख्या में श्रद्धालु मंदिर पहुंचे और सरसों तेल, काला तिल, फूल एवं
प्रसाद अर्पित कर शनिदेव का आशीर्वाद प्राप्त किया। मंदिरों में भगवान शनिदेव की प्रतिमा का सरसों तेल से अभिषेक किया गया तथा विशेष पूजा संपन्न कराई गई। इस अवसर पर भगवान को 56 भोग अर्पित किया गया, जिसके बाद
श्रद्धालुओं के बीच प्रसाद वितरण किया गया। दिन में भंडारे का आयोजन भी हुआ, जिसमें बड़ी संख्या में लोगों ने प्रसाद ग्रहण किया। मंदिर परिसर “जय शनिदेव” के जयकारों से
गूंजता रहा। शनि जयंती को लेकर मंदिरों को आकर्षक ढंग से सजाया गया था। शाम होते ही दीपों और रंग-बिरंगी रोशनी से पूरा वातावरण भक्तिमय हो उठा। श्रद्धालुओं का कहना था कि सच्चे मन से शनिदेव की आराधना करने से जीवन के दुख-दर्द दूर होते हैं तथा व्यक्ति को न्याय, सफलता और सकारात्मक ऊर्जा प्राप्त होती है।
