दुमका। परिवहन विभाग, झारखंड सरकार तथा उपायुक्त के निर्देश पर शनिवार को जिला परिवहन पदाधिकारी मृत्युंजय कुमार एवं मोटरयान निरीक्षकों की टीम ने जिले में स्कूली बसों और स्कूल वैनों की औचक जांच अभियान चलाया। जांच के दौरान दो स्कूली बसों के कागजात अद्यतन नहीं पाए गए। साथ ही बसों में प्राथमिक चिकित्सा किट एवं अग्निशमन यंत्र की भी कमी मिली, जिस पर बस संचालकों और चालकों को फटकार लगाते हुए दोनों वाहनों का चालान किया गया।
अभियान के दौरान बच्चों को स्कूल छोड़ने वाले निजी वाहनों की भी जांच की गई। इस क्रम में वाहन चालकों की ब्रेथ एनालाइजर से जांच कर यह सुनिश्चित किया गया कि कोई चालक नशे की हालत में वाहन नहीं चला रहा हो। साथ ही सभी वाहनों के कागजात की भी बारीकी से जांच की गई। जिला परिवहन पदाधिकारी मृत्युंजय कुमार ने सभी स्कूल वैन संचालकों को निर्देश दिया कि वे विभागीय नियमों का पूर्ण पालन करते हुए वाहनों का परिचालन करें। उन्होंने कहा कि
वाहनों में लगाए गए बेंच हटाकर मानक के अनुरूप सीट लगाना सुनिश्चित करें, वाहन के सभी कागजात एवं इंश्योरेंस अद्यतन रखें तथा निर्धारित गति सीमा का पालन करें। उन्होंने स्पष्ट रूप से कहा कि किसी भी परिस्थिति में शराब पीकर वाहन चलाना बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। वाहन चालकों ने आगामी ग्रीष्मावकाश के दौरान सभी आवश्यक सुधार करने का आश्वासन दिया। इस पर जिला परिवहन पदाधिकारी ने चेतावनी देते हुए कहा कि ग्रीष्मावकाश के बाद भी यदि नियमों का पालन नहीं किया गया और बच्चों की सुरक्षा से खिलवाड़ करते हुए वाहन संचालन किया गया तो संबंधित लोगों के खिलाफ कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अभिभावकों से भी अपील की कि वे अपने बच्चों को केवल नियमों का पालन करने वाले सुरक्षित वाहनों से ही विद्यालय भेजें, ताकि बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित हो सके और परिवहन व्यवस्था में सुधार लाया जा सके।
