गोड्डा। एसआरटी कॉलेज, धमड़ी में प्रज्ञा रिसर्च एसोसिएशन, रांची के सहयोग से आयोजित सात दिवसीय बहुविषयक “सॉफ्ट स्किल्स डेवलपमेंट प्रोग्राम” में विद्यार्थी आधुनिक कौशल से रूबरू हुए। 14 से 20 सितंबर तक हाइब्रिड मोड में चले इस कार्यक्रम में विद्यार्थियों और शोधार्थियों को अकादमिक शिक्षा के साथ पेशेवर एवं व्यक्तिगत जीवन में उपयोगी आधुनिक कौशलों की विस्तृत जानकारी दी गई। कार्यक्रम का उद्देश्य युवाओं को बदलते दौर की जरूरतों के अनुरूप भविष्य के कौशल से सशक्त बनाना था। कार्यशाला में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस और प्रॉम्प्ट इंजीनियरिंग, क्रिटिकल थिंकिंग, इमोशनल इंटेलिजेंस, तनाव प्रबंधन, नेतृत्व क्षमता, उद्यमिता और समय प्रबंधन जैसे विषयों पर विशेषज्ञों ने विस्तार से जानकारी दी। सात दिनों के दौरान देश-विदेश से जुड़े विषय विशेषज्ञों में एसकेएमयू के पूर्व कुलपति शिक्षाविद् प्रो.एम.बशीर अहमद खान, स्कूल ऑफ थॉट मैनेजमेंट जमशेदपुर के संस्थापक निदेशक डॉ.किशोर कुमार ओझा, एसकेएमयू के प्रो.राजेश कुमार, एमिटी यूनिवर्सिटी झारखंड के डॉ.कुणाल रंजन, सेंट्रल यूनिवर्सिटी ऑफ गुजरात की डॉ.देवा लोरेंग तथा हंटिंगटन कैम्ब्रिज शायर कॉलेज, लंदन के डॉ.शशांक रंजन ने विभिन्न सत्रों में प्रतिभागियों का मार्गदर्शन किया। समापन समारोह में कॉलेज के प्राचार्य डॉ.शंभू कुमार सिंह ने कहा कि ग्रामीण एवं दूर-दराज के क्षेत्रों के विद्यार्थियों के लिए इस तरह के कौशल विकास कार्यक्रम काफी महत्वपूर्ण हैं। ऐसे प्रशिक्षण से विद्यार्थियों में रोजगार से जुड़ी क्षमताओं के साथ आत्मविश्वास भी बढ़ता है। कार्यक्रम में एसकेएमयू की कुलपति प्रो.(डॉ.) कुनूल कंदीर बतौर मुख्य संरक्षक सह मुख्य अतिथि शामिल हुई। कुलसचिव डॉ.अब्दुस सत्तार कार्यक्रम में संरक्षक के रूप में जुड़े। कार्यशाला का संयोजन आयोजक सचिव डॉ.अभय दुबे और संयोजक प्रो.नीरज कुमार के नेतृत्व में हुआ। प्रज्ञा भवन, रांची की निदेशक संगीता कुमारी की भी कार्यक्रम में महत्वपूर्ण भूमिका रही। कार्यक्रम के समापन पर विश्वविद्यालय एवं कॉलेज के शिक्षक, शोधार्थी और बड़ी संख्या में छात्र-छात्राएं उपस्थित थीं। ##### webakhbar.com
