Local & National News in Hindi
ब्रेकिंग
मानव जीवन में रक्त का कोई विकल्प नहीं, रक्तदान है महादान : प्रधान न्यायाधीश सुरों की शाम कार्यक्रम में प्रधान जिला एवं सत्र न्यायाधीश करेंगे रक्तदाताओं को सम्मानित दुमकावासियों के लिए सौभाग्य का अवसर : इस्कॉन के रथयात्रा महोत्सव में एक साथ मिल रहा नाम, कथा और श्री... लिटिल स्टेप्स पब्लिक स्कूल में स्वतंत्रता दिवस की तैयारी जोरों पर, देशभक्ति के रंग में रंगा विद्यालय... दुमका में दुर्गा स्थान, इस्कॉन और सतन आश्रम से निकली भव्य रथयात्रा, जय जगन्नाथ के जयघोष से गूंजा शहर... दुःखद समाचार :  दुमका के वरीय पत्रकार पंचम झा को मातृशोक दुमका में 16 जुलाई को निकलेगी भगवान श्री जगन्नाथ की भव्य रथयात्रा, मायापुर की कीर्तन टीम रहेगी आकर्ष... अंतर्राष्ट्रीय युवा दिवस पर दुमका में निकलेगी विशाल तिरंगा यात्रा, रोटी बैंक ने शुरू की तैयारी रक्तदाताओं के सम्मान में सुरों की शाम कार्यक्रम 19 को, पश्चिम बंगाल के कलाकार हिन्दी सिनेमा के मधुर ... गरीब सेवा समिति ने गरीब व असहाय लोगों को कराया भोजन, बांटी जरूरत की सामग्री

पत्रकारों-नेताओं ने की दलाली, 150 से ज्यादा कांग्रेसी सांसदों को रूस से फंडिंग मिली; निशिकांत दुबे

0 192

झारखंड के गोड्डा से भाजपा सांसद निशिकांत दुबे ने कांग्रेस पर बड़ा आरोप लगाते हुए निशाना साधा है। निशिकांत दुबे ने आरोप लगाते हुए कहा- कांग्रेस के दिवंगत नेता HKL भगत के नेतृत्व में 150 से ज़्यादा कांग्रेस के सांसद सोवियत रूस से फंडिंग लेते थे और उसके लिए ऐजेंट के तौर पर काम करते थे। सांसद ने ये आरोप यूएस की इंटेलीजेंस एजेंसी सीआईए द्वारा 2011 में जारी किए गए दस्तावेज के आधार पर लगाए हैं।

 

निशिकांत दुबे ने एक्स पर ट्वीट करते हुए निशाना साधते हुए लिखा- कांग्रेस,करप्सन और ग़ुलामी। CIA द्वारा 2011 में जारी हुए दस्तावेज के आधार पर आरोप लगाते हुए कहा- कांग्रेस के बड़े नेता स्वर्गीय HKL भगत के नेतृत्व में 150 से ज़्यादा कांग्रेस के सांसद सोवियत रूस के पैसे पर पलते थे और रूस के लिए दलाली करते थे।

 

निशिकांत ने पत्रकारों के समूह पर एजेंट के तौर पर काम करने की बात भी लिखी। पत्रकारों के समूह उनके दलाल थे तथा कुल 16 हज़ार न्यूज़ आर्टिकलों का ज़िक्र है जो रुस ने छपवाए। नेताओं की फंडिंग और पत्रकारों की दलाली के अलावा रूसी लोगों के हिन्दुस्तान में रहने के भी आरोप लगाए। दुबे ने आगे लिखा- लगभग उस जमाने में रुस के जासूसी संस्थानों के 1100 लोग हिंदुस्तान में थे जो नौकरशाही, व्यापारी संगठनों, कम्युनिस्ट पार्टियों, ओपिनियन मेकर को अपने पॉकेट में रखते थे तथा सूचना के साथ भारत की नीति बनाते थे।

 

कांग्रेस की उम्मीदवार सुभद्रा जोशी ने लोकसभा चुनाव में उस वक़्त 5 लाख रुपए लिए, जर्मन सरकार से चुनाव के नाम पर। हारने के बाद इंडो जर्मन फोरम की अध्यक्ष बनीं। उन्होंने सवालिया अंजाद में लिखा- यह देश था या ग़ुलामों, दलालों या बिचौलियों की कठपुतली। कांग्रेस इसका जवाब दे, आज इस पर जांच हो या नहीं?

Leave A Reply

Your email address will not be published.